कोटा। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की कोटा स्पेशल यूनिट टीम ने मंगलवार को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए केन्द्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो, भवानी मंडी के इंस्पेक्टर हितेश कुमार के लिए रिश्वत लेते एक दलाल अकरम हुसैन को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है।
एसीबी के पुलिस महानिदेशक गोविन्द गुप्ता ने बताया कि कोटा स्पेशल यूनिट को एक परिवादी द्वारा शिकायत दी गई थी कि उसके पिता को केन्द्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो भवानी मंडी के इंस्पेक्टर हितेश कुमार और एक अन्य व्यक्ति 7 नवंबर को घर से उठाकर ले गए थे।
दोनों ने झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देते हुए तीन लाख रुपये की रिश्वत की मांग की थी।
शिकायत की गंभीरता को देखते हुए एसीबी स्पेशल यूनिट के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मुकुल शर्मा के निर्देशन में शिकायत का सत्यापन करवाया गया।
सत्यापन के दौरान दलाल अकरम हुसैन द्वारा ₹3 लाख की रिश्वत मांगने की पुष्टि हुई।
इसके बाद एसीबी टीम ने ट्रैप (Trap) की कार्यवाही आयोजित की।
कार्रवाई के दौरान दलाल अकरम हुसैन को इंस्पेक्टर हितेश कुमार के लिए ₹20,000 नकद व डमी नोट रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया।
वहीं, इंस्पेक्टर हितेश कुमार फिलहाल फरार बताया जा रहा है, जिसकी तलाश एसीबी टीम कर रही है।
एसीबी ने दर्ज किया मामला
एसीबी ने इस पूरे मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।
दलाल अकरम हुसैन से पूछताछ जारी है और इंस्पेक्टर हितेश कुमार की भूमिका की गहन जांच की जा रही है।
एसीबी के अधिकारियों का कहना है कि अगर जांच में अन्य अधिकारियों की संलिप्तता सामने आती है, तो उन पर भी कार्रवाई की जाएगी।
एसीबी की इस साल की बड़ी ट्रैप कार्रवाइयों में एक
यह कार्रवाई राजस्थान में एसीबी की उन प्रमुख कार्रवाइयों में से एक है, जिनमें दलालों के जरिए रिश्वत लेने की पूरी श्रृंखला उजागर होती है। कोटा, झालावाड़ और बारां क्षेत्र में हाल ही में एसीबी ने कई विभागों में भ्रष्टाचार के मामलों में ट्रैप की कार्रवाई की है।
Rajasthan Sutra सच्चाई, सरोकार और संवाद